Upcoming Top 20 City rising property prices in Haryana

Upcoming Top 20 City rising property prices in Haryana

Realzapp expert mr k yashwant
Written by Realzapp Expert

July 30, 2025

हरियाणा की टॉप 20 सिटी जहां जमीनों की कीमतें अब आसमान छुएंगी, मगर क्यों और कैसे?

Table of Contents

Upcoming Top 20 City rising property prices in Haryana

क्या आप जानते हैं कि हरियाणा में कौन सी शहरें रियल एस्टेट की दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ रही हैं? इस ब्लॉग में हम आपको बताएंगे उन शहरों के बारे में जहां प्लॉट के दाम आसमान छू रहे हैं और भविष्य में और बढ़ सकते हैं। अगर आप रियल एस्टेट में निवेश करने के बारे में सोच रहे हैं, तो यह ब्लॉग आपके लिए है!


परिचय: हरियाणा में रियल एस्टेट का सुनहरा दौर

हरियाणा, भारत का एक तेजी से विकसित होने वाला राज्य, अब केवल दिल्ली का पड़ोसी नहीं है, बल्कि यह रियल एस्टेट निवेशकों के लिए एक सुनहरा अवसर बन गया है। Haryana real estate बाजार में जमीनों की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं, और यह वृद्धि अगले कुछ वर्षों में और भी तेज होने की उम्मीद है। गुरुग्राम के कॉर्पोरेट हब से लेकर पानीपत के टेक्सटाइल केंद्र और हिसार के शैक्षिक क्षेत्र तक, हरियाणा की कई सिटीज़ निवेशकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन रही हैं। लेकिन सवाल यह है कि land prices in Haryana इतनी तेजी से क्यों बढ़ रही हैं, और यह कैसे हो रहा है?

इस ब्लॉग में, हम हरियाणा की टॉप 20 सिटीज़ की सूची साझा करेंगे, जहां rising property prices in Haryana एक वास्तविकता बन चुकी हैं। हम प्रत्येक सिटी के लिए विकास परियोजनाएं, प्रभाग (सेक्टर), कीमत बढ़ने के कारण, वर्तमान औसत कीमतें, और अगले 3, 5, और 10 वर्षों में संभावित वृद्धि के अनुमान प्रदान करेंगे। यह 4000 शब्दों का ब्लॉग आपको हरियाणा के real estate growth in Haryana के बारे में पूरी जानकारी देगा, ताकि आप सही निवेश निर्णय ले सकें।


हरियाणा में जमीनों की कीमतें बढ़ने के प्रमुख कारण

हरियाणा में Haryana land investment की बढ़ती लोकप्रियता के पीछे कई कारण हैं। यहाँ कुछ प्रमुख कारण हैं:

  • बुनियादी ढांचे का विकास: नए हाईवे (जैसे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे), मेट्रो विस्तार, और जेवर एयरपोर्ट जैसे प्रोजेक्ट्स ने कनेक्टिविटी को बेहतर बनाया है।
  • औद्योगिक विकास: आईटी, टेक्सटाइल, और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में निवेश ने नौकरियों और प्रॉपर्टी की मांग को बढ़ाया है।
  • सरकारी नीतियां: स्मार्ट सिटी मिशन, स्टिल्ट-प्लस-फोर-फ्लोर नीति, और मेक इन इंडिया जैसी पहलें रियल एस्टेट को बढ़ावा दे रही हैं।
  • शहरीकरण और जनसंख्या वृद्धि: दिल्ली और अन्य राज्यों से लोगों का पलायन आवासीय और व्यावसायिक मांग को बढ़ा रहा है।

इन कारणों से हरियाणा की कई सिटीज़ में property market trends in Haryana तेजी से बदल रहे हैं। आइए अब उन टॉप 20 सिटीज़ पर नजर डालें, जो निवेशकों के लिए सबसे आकर्षक हैं।


हरियाणा की टॉप 20 सिटीज़: विस्तृत विश्लेषण

1. गुरुग्राम (Gurugram)

विकास परियोजनाएं:

  • दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे: यह 1,350 किमी का हाईवे गुरुग्राम को मुंबई और दिल्ली से जोड़ेगा, जिससे यात्रा समय कम होगा।
  • मेट्रो विस्तार: गुरुग्राम में मेट्रो नेटवर्क का विस्तार सेक्टर 56 और 65 जैसे क्षेत्रों को और आकर्षक बनाएगा।
  • स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स: स्मार्ट इन्फ्रास्ट्रक्चर और साइबर सिटी का विकास।
  • प्रमुख प्रोजेक्ट्स: सिग्नेचर ग्लोबल का “क्लोवरडेल” (₹2,200 करोड़), M3M गोल्फ एस्टेट, और DLF का गार्डन सिटी (1,000 एकड़ टाउनशिप)।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 29, 44, 45, 50, 51, 52, 56, 57, 58, 65, 66, 67, 68, 69, 70, 71, 72, 73, 74, 75, 76, 77, 78, 79, 80, 81, 82, 83, 84, 85, 86, 87, 88, 89, 90, 91, 92, 93, 94, 95, 96, 97, 98, 99, 100, 101, 102, 103, 104, 105, 106, 107, 108, 109, 110, 111, 112, 113, 114, 115।

कीमत बढ़ने के कारण:

  • गुरुग्राम एक प्रमुख Haryana real estate हब है, जहां आईटी और कॉर्पोरेट कार्यालयों की मौजूदगी ने प्रॉपर्टी की मांग को बढ़ाया है।
  • लक्जरी हाउसिंग और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स की बढ़ती मांग।
  • न्यू गुरुग्राम में सर्कल रेट्स में 10-30% की वृद्धि की उम्मीद।
  • दिल्ली से उत्कृष्ट कनेक्टिविटी (मेट्रो, एक्सप्रेसवे)।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग फीट: ₹7,000 से ₹20,000+ (लोकेशन के आधार पर)।
  • न्यू गुरुग्राम में: ₹5,000-₹10,000 प्रति वर्ग फीट।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल15-20%
5 साल25-30%
10 साल50-60%

2. फरीदाबाद (Faridabad)

Faridabad industrial hub, upcoming project in Faridabad

विकास परियोजनाएं:

  • फरीदाबाद-जेवर एयरपोर्ट एक्सप्रेसवे: जेवर एयरपोर्ट से कनेक्टिविटी बढ़ाएगा।
  • औद्योगिक विकास: दिल्ली-मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर (DMIC) का हिस्सा।
  • प्रमुख प्रोजेक्ट्स: क्रिश ग्रुप का “इबिजा पार्क,” SRS रियल एस्टेट का “पर्ल हाइट्स” (2 BHK फ्लैट्स)।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 99।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • औद्योगिक हब के रूप में विकास, जिससे नौकरियां बढ़ी हैं।
  • best cities for real estate in Haryana में फरीदाबाद का स्थान किफायती हाउसिंग के कारण।
  • जेवर एयरपोर्ट और दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे की निकटता।
  • मिड-सेगमेंट और लक्जरी हाउसिंग की मांग।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹35,000-₹60,000 (सेक्टर 87 और नेहरपार)।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल20-25%
5 साल25-30%
10 साल40-50%

3. पानीपत (Panipat)

Godrej Township in Panipat

विकास परियोजनाएं:

  • सोनीपत-गोहाना-जींद हाईवे: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • गॉडरेज टाउनशिप: 43 एकड़ में रेजिडेंशियल टाउनशिप (₹1,250 करोड़ की रेवेन्यू क्षमता)।
  • टेक्सटाइल हब विस्तार: नए औद्योगिक पार्क्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 40।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • टेक्सटाइल उद्योग का केंद्र, जिससे Haryana land investment में रुचि बढ़ी।
  • नए हाईवे और औद्योगिक विकास।
  • किफायती और रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स की मांग।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹40,000-₹60,000।
  • 109 वर्ग गज का प्लॉट: ₹50 लाख से शुरू।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल15-20%
5 साल25-30%
10 साल40-50%

4. सोनीपत (Sonipat)

विकास परियोजनाएं:

  • कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेसवे: दिल्ली से कनेक्टिविटी में सुधार।
  • गॉडरेज ग्रीन एस्टेट: गेटेड रेजिडेंशियल कम्युनिटी।
  • औद्योगिक विकास: कुंडली इंडस्ट्रियल एरिया का विस्तार।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 40।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • दिल्ली से 40 किमी की दूरी, जो इसे top cities for investment in Haryana में शामिल करती है।
  • औद्योगिक और रेजिडेंशियल मांग।
  • किफायती प्रॉपर्टी की कीमतें।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹40,000-₹60,000।
  • औसत: ₹1.88 करोड़ (155 वर्ग गज का प्लॉट: ₹1.32 करोड़)।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल20-25%
5 साल30-35%
10 साल50-60%

5. पंचकूला (Panchkula)

विकास परियोजनाएं:

  • स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स: सीसीटीवी और इन्फ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड।
  • रेजिडेंशियल डेवलपमेंट्स: वनीत इन्फ्रास्ट्रक्चर के प्रोजेक्ट्स।
  • टूरिज्म प्रोजेक्ट्स: शिमला और हिल स्टेशनों की निकटता।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 30।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • चंडीगढ़ से निकटता और शांतिपूर्ण जीवनशैली।
  • नियोजित शहरीकरण और स्मार्ट सिटी पहल।
  • Haryana real estate में पंचकूला की बढ़ती लोकप्रियता।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹30,000-₹50,000।
  • 131 वर्ग गज का प्लॉट: ₹32 लाख से शुरू।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल20-25%
10 साल35-40%

6. कुरुक्षेत्र (Kurukshetra)

विकास परियोजनाएं:

  • कुरुक्षेत्र बायपास: ट्रैफिक और कनेक्टिविटी में सुधार।
  • पेहोवा-कुरुक्षेत्र रोड: पर्यटन को बढ़ावा।
  • धार्मिक पर्यटन प्रोजेक्ट्स: मंदिरों और धार्मिक स्थलों का विकास।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • धार्मिक महत्व और पर्यटन की मांग।
  • हाईवे कनेक्टिविटी में सुधार।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹25,000-₹40,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

7. यमुनानगर (Yamunanagar)

विकास परियोजनाएं:

  • कुरुक्षेत्र-यमुनानगर हाईवे चौड़ीकरण: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • औद्योगिक पार्क्स: पेपर और प्लाईवुड उद्योग का विस्तार।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: नए प्लॉटेड डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • औद्योगिक विकास और नौकरियों की उपलब्धता।
  • इन्फ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी में सुधार।
  • rising property prices in Haryana में यमुनानगर की हिस्सेदारी।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹25,000-₹40,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

8. जींद (Jind)

विकास परियोजनाएं:

  • सोनीपत-गोहाना-जींद हाईवे: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • जींद-भिवानी हाईवे: क्षेत्रीय पहुंच बढ़ाएगा।
  • कृषि आधारित प्रोजेक्ट्स: प्रोसेसिंग यूनिट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • नए हाईवे और कनेक्टिविटी में सुधार।
  • कृषि और रेजिडेंशियल मांग।
  • सरकारी नीतियों का समर्थन।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹20,000-₹35,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

9. भिवानी (Bhiwani)

विकास परियोजनाएं:

  • जींद-भिवानी हाईवे: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • औद्योगिक पार्क्स: छोटे और मध्यम उद्योगों का विकास।
  • रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स: नए प्लॉटेड डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • उभरता औद्योगिक हब।
  • शिक्षा और हाउसिंग की मांग।
  • इन्फ्रास्ट्रक्चर में सुधार।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹20,000-₹35,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

10. अंबाला (Ambala)

विकास परियोजनाएं:

  • अंबाला-कुरुक्षेत्र रोड सुधार: कनेक्टिविटी में वृद्धि।
  • रेलवे जंक्शन अपग्रेड: व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा।
  • कमर्शियल और रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स: नए डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • रेलवे जंक्शन और हाईवे प्रोजेक्ट्स।
  • Haryana real estate में अंबाला की बढ़ती मांग।
  • व्यापार और पर्यटन की संभावनाएं।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹25,000-₹40,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

11. हिसार (Hisar)

विकास परियोजनाएं:

  • स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स: 1,000 सीसीटीवी और इन्फ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड।
  • औद्योगिक विकास: नए मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स।
  • रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स: स्टिल्ट-प्लस-फोर-फ्लोर डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 40।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • शैक्षिक और कृषि हब।
  • स्मार्ट सिटी पहल और इन्फ्रास्ट्रक्चर।
  • real estate growth in Haryana में हिसार की हिस्सेदारी।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹40,000-₹60,000।
  • 99 वर्ग गज का प्लॉट: ₹17.32 लाख।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल15-20%
5 साल25-30%
10 साल40-50%

12. रोहतक (Rohtak)

विकास परियोजनाएं:

  • स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स: इन्फ्रास्ट्रक्चर और सीसीटीवी अपग्रेड।
  • रोड कनेक्टिविटी: दिल्ली और हिसार से बेहतर संपर्क।
  • शैक्षिक और औद्योगिक विकास: IMT रोहतक का विस्तार।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 30।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • शैक्षिक हब और औद्योगिक विकास।
  • स्मार्ट सिटी पहल।
  • हाउसिंग और कमर्शियल मांग।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹25,000-₹40,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

13. करनाल (Karnal)

विकास परियोजनाएं:

  • स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स: इन्फ्रास्ट्रक्चर और स्विमिंग पूल जैसे प्रोजेक्ट्स।
  • सोलर मॉड्यूल मैन्युफैक्चरिंग: 600 MW से 2,100 MW तक विस्तार (₹2,700 मिलियन)।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: नए प्लॉटेड डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 30।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • कृषि और औद्योगिक हब।
  • स्मार्ट सिटी पहल।
  • best cities for real estate in Haryana में करनाल की बढ़ती मांग।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹25,000-₹40,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

14. रेवाड़ी (Rewari)

विकास परियोजनाएं:

  • दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • औद्योगिक पार्क्स: बावल में औद्योगिक विस्तार।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: नए डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • औद्योगिक हब और दिल्ली से निकटता।
  • हाउसिंग और कमर्शियल मांग।
  • इन्फ्रास्ट्रक्चर में सुधार।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹25,000-₹40,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

15. झज्जर (Jhajjar)

विकास परियोजनाएं:

  • बहादुरगढ़ औद्योगिक क्षेत्र विस्तार: नए मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: प्लॉटेड डेवलपमेंट्स।
  • कनेक्टिविटी में सुधार: दिल्ली से बेहतर संपर्क।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • दिल्ली से निकटता।
  • औद्योगिक और हाउसिंग मांग।
  • Haryana land investment में झज्जर की बढ़ती लोकप्रियता।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹20,000-₹35,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

16. पलवल (Palwal)

विकास परियोजनाएं:

  • जेवर एयरपोर्ट कनेक्टिविटी: हाईवे और रोड अपग्रेड।
  • औद्योगिक पार्क्स: DMIC का हिस्सा।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: नए डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • जेवर एयरपोर्ट की निकटता।
  • औद्योगिक और हाउसिंग मांग।
  • इन्फ्रास्ट्रक्चर में सुधार।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹20,000-₹35,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

17. नूंह (Nuh)

विकास परियोजनाएं:

  • दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • औद्योगिक विकास: छोटे पैमाने के मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स।
  • रेजिडेंशियल और कृषि आधारित प्रोजेक्ट्स: नए डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • इन्फ्रास्ट्रक्चर और सरकारी नीतियां।
  • कृषि और रेजिडेंशियल मांग।
  • कनेक्टिविटी में सुधार।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹15,000-₹30,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

18. महेंद्रगढ़ (Mahendragarh)

विकास परियोजनाएं:

  • दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे: कनेक्टिविटी में सुधार।
  • स्थानीय इन्फ्रास्ट्रक्चर: रोड और रेजिडेंशियल डेवलपमेंट्स।
  • कृषि आधारित प्रोजेक्ट्स: प्रोसेसिंग यूनिट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • हाईवे और सरकारी नीतियां।
  • कृषि और हाउसिंग मांग।
  • कनेक्टिविटी में सुधार।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹15,000-₹30,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

19. फतेहाबाद (Fatehabad)

विकास परियोजनाएं:

  • रोड कनेक्टिविटी में सुधार: NH-9 अपग्रेड।
  • सिंचाई प्रोजेक्ट्स: कृषि को बढ़ावा।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: नए डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • इन्फ्रास्ट्रक्चर और सरकारी योजनाएं।
  • कृषि और रेजिडेंशियल मांग।
  • Haryana real estate में फतेहाबाद की उभरती संभावनाएं।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹15,000-₹30,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

20. सिरसा (Sirsa)

विकास परियोजनाएं:

  • रोड और सिंचाई प्रोजेक्ट्स: NH-9 और स्थानीय रोड अपग्रेड।
  • सीमा व्यापार की क्षमता: पंजाब से निकटता।
  • रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स: नए डेवलपमेंट्स।

प्रभाग (सेक्टर): सेक्टर 1 से 20।
कीमत बढ़ने के कारण:

  • इन्फ्रास्ट्रक्चर और सरकारी नीतियां।
  • कृषि और हाउसिंग मांग।
  • सीमा व्यापार की संभावनाएं।

वर्तमान औसत कीमत:

  • प्रति वर्ग गज: ₹15,000-₹30,000।

ग्रोथ प्रोजेक्शन:

अवधिग्रोथ प्रतिशत
3 साल10-15%
5 साल15-20%
10 साल25-30%

निवेशकों के लिए सलाह

हरियाणा की इन सिटीज़ में Haryana land investment के लिए कई अवसर हैं, लेकिन कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है:

  • शोध करें: हरियाणा RERA वेबसाइट (haryanarera.gov.in) पर प्रोजेक्ट्स की जांच करें।
  • बजट निर्धारित करें: गुरुग्राम जैसे शहर लक्जरी निवेश के लिए उपयुक्त हैं, जबकि जींद और फतेहाबाद किफायती विकल्प हैं।
  • विशेषज्ञ सलाह लें: रियल एस्टेट सलाहकारों से संपर्क करें ताकि सही समय और स्थान पर निवेश हो।

निष्कर्ष

हरियाणा का real estate growth in Haryana तेजी से बढ़ रहा है, और ये टॉप 20 सिटीज़ निवेशकों और गृहस्वामियों के लिए सुनहरे अवसर प्रदान कर रही हैं। गुरुग्राम और फरीदाबाद जैसे शहर लक्जरी और मिड-सेगमेंट निवेश के लिए आदर्श हैं, जबकि पानीपत, सोनीपत, और हिसार जैसे उभरते शहर किफायती और उच्च रिटर्न की संभावना प्रदान करते हैं। rising property prices in Haryana का लाभ उठाने के लिए अभी समय है, लेकिन सही शोध और योजना जरूरी है।

आपके विचार क्या हैं? कौन सी सिटी आपको सबसे ज्यादा आकर्षित करती है? अपनी राय कमेंट में साझा करें और हरियाणा के रियल एस्टेट के इस सुनहरे दौर में हिस्सा लें!

स्रोत:

For more details, you can explore official sources like the Haryana State Industrial & Infrastructure Development Corporation (HSIIDC) at website or the Press Information Bureau for highway projects at website .


FAQ (लोगों द्वारा पूछे गए प्रश्न)

1. हिसार में प्लॉट के दाम कितने हैं?

हिसार में प्लॉट के दाम Rs 17.32 लाख से शुरू होते हैं (99 वर्ग गज के लिए), लेकिन लक्जरी क्षेत्रों में यह Rs 4.21 करोड़ तक जा सकता है।

2. क्या गुरुग्राम में प्लॉट के दाम और बढ़ेंगे?

हां, गुरुग्राम में प्लॉट के दाम भविष्य में और बढ़ने की उम्मीद है, खासकर न्यू गुरुग्राम क्षेत्रों में।

3. सोनीपत में रियल एस्टेट निवेश कैसा है?

सोनीपत में रियल एस्टेट निवेश अच्छा है, क्योंकि वहां बुनियादी ढांचे का विकास हो रहा है और प्रॉपर्टी की कीमतें अभी तक उचित हैं।

4. पंचकूला में निवेश के लिए कौन सी जगहें सबसे अच्छी हैं?

पंचकूला में सेक्टर 20, सेक्टर 12, और ओल्ड अंबाला रोड जैसे क्षेत्र निवेश के लिए सबसे अच्छे हैं।

5. हरियाणा में रियल एस्टेट का सबसे ज्यादा विकास कहां हो रहा है?

गुरुग्राम और फरीदाबाद में रियल एस्टेट का सबसे ज्यादा विकास हो रहा है, लेकिन पानीपत और सोनीपत भी तेजी से बढ़ रहे हैं।

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